क्या स्टीफन फ्लेमिंग IPL 2026 के बाद CSK छोड़ देंगे? भविष्य पर आया बड़ा बयान
क्या चेन्नई सुपर किंग्स और स्टीफन फ्लेमिंग का सफर समाप्त होने वाला है?
इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के गलियारों में इस समय एमएस धोनी के भविष्य को लेकर चर्चाएं जोरों पर हैं, लेकिन अब चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के कैंप से एक और बड़ी खबर सामने आई है। टीम के मुख्य कोच स्टीफन फ्लेमिंग ने 2026 के बाद अपनी भूमिका को लेकर अनिश्चितता जताई है। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ घरेलू मैदान पर मिली हार के बाद, जब 53 वर्षीय पूर्व कीवी कप्तान से 2027 के सीजन में उनकी वापसी के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि यह फैसला पूरी तरह से टीम मैनेजमेंट के हाथों में है।
फ्लेमिंग का रुख और टीम का प्रदर्शन
स्टीफन फ्लेमिंग ने अपने बयानों में काफी संयमित रुख अपनाया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि वे इस सीजन में टीम द्वारा किए जा रहे सकारात्मक प्रयासों और नए खिलाड़ियों को मिल रहे अवसरों से संतुष्ट हैं। हालांकि, उन्होंने एक कड़वी सच्चाई को स्वीकार करते हुए कहा कि रणनीति और योजना के मामले में चेन्नई सुपर किंग्स अन्य टीमों के मुकाबले थोड़ी पीछे रही है।
टीम की शुरुआत को याद करते हुए फ्लेमिंग ने कहा, ‘सीजन के शुरुआती तीन मैचों में लगातार हार के बाद हम दबाव में थे। हालांकि, मैं इस बात की सराहना करता हूं कि टीम ने किस तरह वापसी की और खुद को प्लेऑफ की दौड़ में बनाए रखा।’
चोटों ने बिगाड़ा टीम का संतुलन
CSK के कोच ने इस सीजन में टीम के खराब प्रदर्शन के पीछे चोटों की समस्या को एक बड़ा कारण बताया। उन्होंने कहा कि प्रमुख खिलाड़ियों के अनफिट होने से टीम का संतुलन पूरी तरह से बिगड़ गया था:
- एमएस धोनी की अनुपलब्धता।
- खलील अहमद, आयुष म्हात्रे और जेमी ओवरटन जैसे खिलाड़ियों का चोटिल होना।
- डेवाल्ड ब्रेविस और स्पेंसर जॉनसन का चोट के कारण सीजन की धीमी शुरुआत।
इन सभी कारणों ने टीम की लय को बुरी तरह प्रभावित किया, जिससे कोच को बार-बार प्लेइंग इलेवन में बदलाव करने पड़े।
एक युग का अंत?
स्टीफन फ्लेमिंग और चेन्नई सुपर किंग्स का नाता 2008 से है। जब फ्लेमिंग ने बतौर खिलाड़ी टीम में प्रवेश किया था, तब किसी ने नहीं सोचा था कि वे एक दिन इस फ्रैंचाइज़ी के सबसे सफल कोच बनेंगे। धोनी और फ्लेमिंग की जोड़ी ने CSK को पांच IPL खिताब और दो चैंपियंस लीग ट्रॉफियां जिताईं। आज, सुपर किंग्स को एक ‘जगरनॉट’ (अजेय शक्ति) के रूप में पहचाना जाता है, जिसका श्रेय काफी हद तक फ्लेमिंग को जाता है।
वर्तमान में, फ्लेमिंग केवल CSK ही नहीं, बल्कि SA20 और मेजर लीग क्रिकेट में भी सुपर किंग्स फ्रैंचाइज़ी के कोच के रूप में सेवाएं दे रहे हैं। हालांकि, पिछले तीन वर्षों से कोई भी IPL खिताब न जीत पाना यह संकेत देता है कि शायद अब बदलाव का समय आ गया है।
आगे की राह
अभी 2027 के सीजन में काफी समय बचा है, लेकिन फ्लेमिंग के शब्दों ने प्रशंसकों के बीच चिंता पैदा कर दी है। क्या फ्रैंचाइज़ी और कोच अब अलग होने का मन बना चुके हैं? यह एक ऐसा सवाल है जिसका जवाब समय के गर्भ में छिपा है। तब तक, प्रशंसकों की निगाहें अगले सीजन की तैयारियों पर टिकी रहेंगी, जहाँ यह देखना दिलचस्प होगा कि चेन्नई सुपर किंग्स की रणनीति में क्या बड़े बदलाव देखने को मिलते हैं।
