Ravichandran Ashwin admits he always wanted to play for RCB – क्या रविचंद्रन अश्विन RCB के लिए खेलना चाहते थे? दिग्गज स्पिनर ने किया बड़ा खुलासा
अश्विन का आईपीएल करियर और उनकी पसंद
आईपीएल इतिहास के सबसे सफल स्पिनरों में से एक, रविचंद्रन अश्विन ने हाल ही में अपने करियर और भविष्य की प्राथमिकताओं को लेकर एक बड़ा बयान दिया है। अक्सर देखा जाता है कि चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के खिलाड़ी अपनी फ्रेंचाइजी के प्रति बेहद वफादार होते हैं, लेकिन अश्विन ने इस धारणा को चुनौती देते हुए बताया कि वह सीएसके के अलावा अन्य टीमों के लिए भी खेलने के इच्छुक थे।
क्या आरसीबी और सीएसके के प्रशंसकों के बीच की कड़वाहट कम होगी?
आईपीएल में सीएसके और आरसीबी के प्रशंसकों के बीच का मुकाबला किसी जंग से कम नहीं होता। सीएसके के फैंस अक्सर गर्व से यह दावा करते हैं कि चेन्नई का कोई भी खिलाड़ी आरसीबी जैसी टीम का हिस्सा नहीं बनना चाहता। हालांकि, अश्विन के बयान ने इस चर्चा को एक नया मोड़ दे दिया है। अश्विन ने स्पष्ट किया है कि उन्हें बेंगलुरु की टीम के लिए खेलने में कोई आपत्ति नहीं होती।
राजस्थान रॉयल्स और आरसीबी क्यों थी पसंद?
अश्विन ने खुलासा किया कि अगर सीएसके ने उन्हें आईपीएल 2025 मेगा ऑक्शन में नहीं चुना होता, तो उनकी पहली पसंद राजस्थान रॉयल्स (RR) या रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) होती। अश्विन ने कहा, ‘यदि राजस्थान रॉयल्स ने मुझे चुना होता, तो मैं बेहद खुश होता। और अगर वे दोनों मुझे नहीं चुनते और आरसीबी ने मुझे मौका दिया होता, तो भी मैं उतना ही खुश होता। इसके पीछे दो मुख्य कारण हैं: एक तो मेरी गेंदबाजी का प्रदर्शन और दूसरी उन स्टेडियमों में मुझे दर्शकों से मिलने वाली भारी प्रशंसा और समर्थन।’
अश्विन का अब तक का शानदार आईपीएल सफर
रविचंद्रन अश्विन का आईपीएल करियर किसी किंवदंती से कम नहीं है। 2009 से 2025 के बीच उन्होंने कुल 221 आईपीएल मैच खेले और 187 विकेट चटकाए। भले ही उनके करियर के सबसे सुनहरे दिन चेन्नई सुपर किंग्स के साथ बीते, लेकिन उन्होंने राइजिंग पुणे सुपरजायंट्स, पंजाब किंग्स, दिल्ली कैपिटल्स और राजस्थान रॉयल्स जैसी टीमों का भी प्रतिनिधित्व किया है।
- शानदार अनुभव: उन्होंने सीएसके के साथ 2010 और 2011 में आईपीएल खिताब जीते।
- बहुमुखी प्रतिभा: अश्विन ने न केवल गेंदबाजी में बल्कि बल्लेबाजी में भी समय-समय पर महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
- टीम बदलाव: उन्होंने अपने करियर में पांच अलग-अलग फ्रेंचाइजी के लिए खेला है, जिससे उन्हें खेल की गहरी समझ प्राप्त हुई है।
निष्कर्ष
रविचंद्रन अश्विन का यह बयान उन सभी प्रशंसकों के लिए एक संदेश है जो खिलाड़ियों को केवल एक टीम तक सीमित देखना चाहते हैं। क्रिकेट एक पेशेवर खेल है और खिलाड़ी हमेशा ऐसी टीमों का हिस्सा बनना चाहते हैं जहाँ उन्हें सम्मान और बेहतर प्रदर्शन करने का मौका मिले। अश्विन का आरसीबी और आरआर के लिए सम्मान यह दर्शाता है कि वे खेल को टीम की सीमाओं से ऊपर देखते हैं।
भले ही उनका करियर 2025 में सीएसके के साथ एक निराशाजनक मोड़ पर समाप्त हुआ हो, लेकिन उनकी विरासत हमेशा आईपीएल के पन्नों में सुनहरे अक्षरों में दर्ज रहेगी। उनकी यह ईमानदारी न केवल खेल भावना को बढ़ावा देती है, बल्कि यह भी स्पष्ट करती है कि खिलाड़ी के लिए टीम का चयन परिस्थितियों पर आधारित होता है।
