शुबमन गिल ने एमएस धोनी की सीएसके के खिलाफ ‘एफ-बॉम्ब’ क्यों छोड़ा? आईपीएल 2024 और 2026 के विवादास्पद पल
शुबमन गिल का सीएसके के खिलाफ विवादास्पद जश्न: आईपीएल 2024 से 2026 तक का सफर
क्रिकेट की रणभूमि में जश्न कभी-कभी मैदान से आगे बढ़ जाता है। और जब बात शुबमन गिल और चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) की हो, तो वह जश्न दो बार विवाद का केंद्र बन चुका है। आईपीएल 2024 और आईपीएल 2026 के बीच एक धागा खींचा गया है — जहां जीत के पल भावनाओं के भी ऊपर चले गए।
2024: अहमदाबाद में ‘एफ ऑफ’ का जश्न
मई 2024 में, आईपीएल के मैच 59 में, गुजरात टाइटंस के कप्तान शुबमन गिल ने अपनी बल्लेबाजी से सबका ध्यान खींचा। सीएसके के खिलाफ घरेलू मैदान — नरेंद्र मोदी स्टेडियम में — गिल ने 55 गेंदों पर 104 रनों की पारी खेली। इसमें 9 चौके और 6 छक्के शामिल थे।
लेकिन जब उन्होंने शतक पूरा किया, तो उनकी प्रतिक्रिया ने मैच से आगे की चर्चा शुरू कर दी। हवा में उछलते हुए गिल ने ‘F Off’ कहा — एक भाव जो सीएसके के प्रशंसकों के लिए सीधा आह्वान था।
वह मैच गुजरात टाइटंस ने 35 रनों से जीता। गिल को ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ का खिताब मिला। लेकिन उनके जश्न की चर्चा मैच के खाते में जाने से पहले सोशल मीडिया पर छा गई।
2026: ‘शुष’ करते हुए फिर से आया विवाद
दो साल बाद, आईपीएल 2026 के मैच 66 में, वही मैदान, वही प्रतिद्वंद्वी। इस बार गिल ने न सिर्फ 37 गेंदों में 64 रन बनाए, बल्कि शिवम दुबे के खिलाफ एक शानदार छलांग लगाकर कैच भी पकड़ा।
कैच लेने के बाद गिल ने हाथ से ‘शुष’ का संकेत दिया — मैदान के भीड़ को चुप कराने का प्रतीक। यह एक्शन सीधे सीएसके प्रशंसकों के लिए एक संदेश था।
टाइटंस ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 229-4 का विशाल स्कोर बनाया। जोस बटलर ने 27 गेंदों में 57 रन झोंके। जवाब में, सीएसके सिर्फ 140 रन बना सकी। मोहम्मद सिराज, कगीसो रबाडा और राशिद खान ने तीन-तीन विकेट लिए।
89 रनों की जबरदस्त जीत ने सीएसके को प्लेऑफ से बाहर कर दिया।
सोशल मीडिया पर ‘नंद्री 2.0’: एक नया तूफान
मैच के बाद, गिल ने एक पोस्ट शेयर किया। छवि में वह, मोहम्मद सिराज और जोस बटलर उंगली को होंठों पर रखकर ‘शुष’ करते नजर आ रहे थे। कैप्शन था — “नंद्री 2. Yellow lights, blue ending”।
सीएसके प्रशंसकों ने इसे उकसाने वाला माना। “पीली बुखार, लेकिन नीला अंत” — यह वाक्यांश उनके लिए घाव की तरह काम किया। ट्विटर, इंस्टाग्राम और फेसबुक पर गिल पर निशाना साधा गया।
हालांकि, कुछ टिप्पणीकारों ने इसे जीत का जश्न बताया और कहा कि आईपीएल में ऐसे पल नाटकीयता का हिस्सा हैं।
क्या यह नई प्रतिद्वंद्विता की शुरुआत है?
एमएस धोनी की सीएसके और शुबमन गिल की गुजरात टाइटंस के बीच प्रतिस्पर्धा पहले भी थी, लेकिन अब वह भावनात्मक रंग ले चुकी है। गिल के जश्न ने कई बार धोनी की टीम के प्रशंसकों को आहत किया है।
आईपीएल में जीत के बाद जश्न आम बात है, लेकिन जब वह एक विशिष्ट टीम या उसके प्रशंसकों को निशाना बनाता हो, तो वह विवाद बन जाता है। गिल के मामले में, दो बार ऐसा हुआ — और दोनों बार सीएसके के खिलाफ।
आगे के सीजन में क्या होगा? क्या गिल अपने जश्न को नरम करेंगे? या सीएसके प्रशंसक और जोश के साथ जवाब देंगे? वक्त ही बताएगा।
